एक वक्त Mercedes, Porsche, Rolls Royce थी नीरव मोदी के गैराज की शान, आज रिकवरी के लिये आ रही है ऑक्शन के काम

धोखाधड़ी के अभियुक्त की कार्स 3.29 cr में हुई नीलाम

Nirav Modi cars

दो अरब डॉलर की धोखाधड़ी करने वाले नीरव मोदी व मेहुल चौकसी के सितारें इन दिनों गर्दिश में हैं. पहले इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने Rs 54.84 crore में नीरव मोदी की पेंटिंग्स की ऑक्शन की; अब नंबर आया है दोनों की कार्स का. अब दोनों के ड्यूज तो रिकवर होने ही है इसलिए इस बार  Enforcement Directorate (ED) ने गाज गिराई है. इस कार ऑक्शन के लिये मुंबई कि स्पेशल कोर्ट ED को पहले ही अधिकृत कर चुकी है.

ऑक्शन की गई कार्स की लिस्ट काफी लंबी है. इसमें Rolls-Royce Ghost से लेकर Mercedes-Benz 4Matic GL 350 CDI, Porsche Panamera, Mercedes-Benz CLS 350 जैसी लग्जरी कार्स व Toyota Fortuner, Honda CR-V, Toyota Innova व Honda Brio जैसे जाने-माने नाम शामिल है. नीरव मोदी की सबसे महंगी कार रही Rolls-Royce Ghost जिसकी कीमत Rs 4.48 crore है.

इस ऑनलाइन ऑक्शन में ये Rs 1.33 crore के बेस प्राइस के साथ पेश की गई थी जो अंततः Rs 10k ज्यादा अर्थात Rs Rs 1,33,10,000 में बिकी. Rolls-Royce Ghost में हूबहू Phantom में लगा 6.6-litre twin-turbo V12 इंजन लगा है. इसकी टॉप स्पीड 250 kmph है और ये 0 से 100 की स्पीड मात्र 4.8 सेकंड्स में अचीव कर सकती है.

नीरव मोदी की टॉप कार्स की श्रृंखला में अगला नाम Porsche Panamera का है. इसकी कीमत Rs 2.14 crore है. अगर आप यूज्ड Porsche Panamera लेना चाहते तो आपको Rs 40 से 90 lakh तक खर्च करने होंगे. इस ऑक्शन में यही सेकंड हैण्ड Porsche Panamera Rs 54.6 lakh में बिकी है. इसे 3.0-litre V6 डीजल इंजन से पॉवर किया गया है. ये 0 से 100 kmph की स्पीड मात्र 6.6 सेकंड्स में अचीव करती है. इसकी टॉप स्पीड 250 kmph है.

नीरव की Mercedes-Benz 4Matic GL 350 CDI को ऑक्शन द्वारा Rs 53.76 lakh मिले जबकि ED ने इनका बेस प्राइस Rs 37.8 lakh ही रखा था. पता नहीं जालसाज की कार्स को Rs 15 lakh ज्यादा कैसे मिल गये!! कार का रीटेल प्राइस Rs 77.5 lakh था जबकि यूज्ड कार Rs 37 से 60 lakh तक में मिल जाती है.

इसी तरह नीरव मोदी की Mercedes-Benz CLS 350 Rs 16 lakh में, Honda CR-V Rs 10.26 lakh में बिकी. इसी तर्ज पर मेहुल चौकसी की  BMW X1 के Rs 11.75 lakh व Toyota Innova Crysta के Rs 18.06 lakh वसूले गये. कार्स बेचने से हुई वसूली की रकम कोर्ट में जमा करवाई जायेगी जो बाद में फिक्स्ड डिपाजिट के रूप में किसी नेशनल बैंक में ट्रांसफर कर दी जायेगी.